इस पेज में वर्णित कहानी बहुत ही रोमांचित और दिल को छू लेने वाली कहानी है कैसे दो व्यक्ति आपस में प्यार के बंधन में बंधे है और उन्होंने अपने जीवन में किस प्रकार सभी परेशानियों का सामना करते हुए अपने प्रेम को साकार किया किन किन परिस्थितियों से वह लड़कर आगे बढ़े
![]() |
| Prem kahan |
यह कहानी लाखों वर्णों करोड़ों दिलों की धड़कनों को बढ़ा देगी क्योंकि ऐसी छोटी-छोटी कहानियां हमारे देश में बहुत ही आम हैं किसी को उसका प्यार मिल पाता है और किसी को उसका प्यार नहीं मिल पाता है
इस कहानी के मुख्य दो किरदार राजा और शालीन हैं चलिए फिर जानते हैं और समझते हैं कि आखिर इनके जीवन में ऐसी कौन सी घटनाएं घटित हुई जिन्हें हमें भी जानना चाहिए और शायद इन्हीं सब चीजों से हम को सीख मिलती है
राजा और शालीन का बचपन
यह कहानी फ्लैशबैक में जाती है और एक राजा नाम का लड़का जोकि गरीब परिवार से बिलॉन्ग करता है उसके पिताजी मुकेश छोटे-मोटे रोजगार करके अपना जीवन यापन करते हैं और उसकी माता कौशल्या घर का काम ही देखते हैं
शालीन एक ठीक-ठाक घर की लड़की है जो कि मिडिल क्लास से बिलॉन्ग करते हैं उसके पिताजी कोरियर कंपनी में काम करते हैं और इसकी माता घर का काम संभालती है
राजा और शालीन दोनों का घर आसपास था इस समय दोनों की उम्र बचपन वाली है और आपस में दोनों खेलते हैं विभिन्न प्रकार के खेल इनकी दिनचर्या में शामिल है इनका आपस में रिश्ता बहुत ही अच्छा और पक्का है इनके परिवार भी आपस में बहुत ही प्यार से रहते हैं और एक दूसरों की जरूरत में खड़े भी होते हैं तो आप यह समझ सकते हैं कि इनके बीच कितना प्रेम होगा
राजा वा शालीन की पढ़ाई
राजा तथा शालीन की उम्र एक ही हैं और आप यहां 5 वर्ष के हो चुके हैं और एक ही स्कूल में एडमिशन लेते हैं अभी यह आगे की पढ़ाई उसी स्कूल में जारी रखते हैं दोनों एक साथ रहते हैं हंसते हैं बोलते हैं खाते में पीते हैं धीरे धीरे समय बीतता गया और राजा शालीन एक दूसरे के निकट आने लगे
राजा तथा शालीन धीरे-धीरे बड़े होकर कक्षा 10 तक पहुंच चुके हैं अब वह 12 की पढ़ाई के लिए दूसरी क्लास में जाना चाहते हैं परंतु परिस्थितियां अब धीरे-धीरे बदल रही हैं क्योंकि दोनों जवान होते जा रहे हैं और उनके मां-बाप को एक दूसरे की चिंता है
कुछ समय बीता और उन्होंने 12 पास कर ली दोनों एक ही फील्ड में जाना चाहते हैं वह मेडिकल पढ़ाई करना चाहते हैं शालीन व राजा अपने माता-पिता से सलाह लेते हैं और मेडिकल की पढ़ाई के लिए एक ही स्कूल में एडमिशन करने की बात कहते हैं
एक ही स्कूल में एडमिशन ले लेते हैं राजा वा शालीन मेडिकल की पढ़ाई के लिए वह अपने शहर को छोड़कर दूसरे शहर जाना पड़ता है यह कोर्स अमूमन 3 साल का होने वाला है और फिर एक्स्ट्रा के लिए एक्स्ट्रा पढ़ाई के लिए 2 साल और टोटल 5 साल आप मान सकते हैं अब इस कहानी का मुख्य आधार टोटल इन 5 सालों में ही बदलेगा
कैसे राजा व शालीन के बीच प्यार बढ़ा
फैजाबाद शालीन दोनों बड़े हो गए हैं और एक दूसरे को अच्छी तरीके से समझने लगे हैं राजा शालीन की हारून जरूरतों को ध्यान रखता है जो उसे चाहिए और ठीक उसी प्रकार शालीन भी राजा के उन सभी जरूरतों को ध्यान में रखती है और कभी भी उसे तकलीफ नहीं पहुंचाती है उसका सभी काम स्वयं करती है और अपने काम उससे भी करवाती है
राजा और शालीन एक दूसरे के बहुत अच्छे दोस्त हैं और धीरे-धीरे या प्यार में भी बदलने लगता है जब यह मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे तभी यह इतने करीब आ चुके थे कि अभिनय अलग करना नामुमकिन हो गया था अतः राजा ने शालीन से शादी करने का फैसला किया और उसे बताने का फैसला किया
1 दिन कॉलेज के ही कुछ दोस्तों ने मिलकर प्लान बनाया और उस प्लान में राजा को शालीन को प्रपोज करना था सभी तैयारी पूरी तरीके से तैयार हो चुकी थी और राजा शालीन को प्रपोज करने वाला था शाम का वक्त हो चुका था पूरी तैयारी थी जैसे ही शालीन उस कमरे में आती है जिस कमरे में यह सारे प्लान रचे गए हैं
अचानक राजा शालीन के सामने आता है और वह अपने दिल की बात शालीन को कहता है शालिन से बहुत खुश होती है और राजा को शादी करने के लिए हम बोलते थे इसी प्रकार कुछ दिन उनकी मेडिकल की पढ़ाई में गुजरते हैं जिंदगी बहुत ही आसान हो गई थी इन दोनों की आपस में प्यार करना बातें करना एक दूसरे की तकलीफ होगा समझना छोटी-छोटी जरूरतों को ध्यान में रखना बहुत सारी चीजें जो एक गर्लफ्रेंड बॉयफ्रेंड में होती हैं वह सभी कार्य लोग भी करने लगे थे
उनके परिवार वालों को इस के विषय में जानकारी ना थी लेकिन कुछ चीजें कभी छुपाए नहीं छुपती हैं उसी प्रकार राजा और शालीन के प्यार का पता इनके घर वालों को चला अतः राजा के तो परिवार वालों ने कोई भी तकलीफ नहीं नहीं थी शालिनी के परिवार वालों को तकलीफ थी वह राजा से शादी करने के लिए नहीं माने
राजा वा शालीन की शादी
यह प्रेमी जोड़ा आपस में इस प्रकार बंसल चुका था कि अब इन्हें अलग करना नामुमकिन सा हो गया था अतः इन्होंने कचहरी जाकर शादी कर ली शादी के बाद यह प्रेमी जोड़ा आपस में बहुत प्रेम से रहने लगा हालांकि यह प्रेमी जोड़ा बहुत ही पढ़ा लिखा था लेकिन भविष्य किसको पता है आगे क्या होने वाला है यह बात से अनजान थे और अपने जीवन बिताने लगे
लगभग 2 साल बीत गए उनका एक बच्चा हुआ जिसका नाम इन्होंने राजेश रखा परिवार में सभी अच्छा चल रहा था लेकिन वो कहते हैं ना जब अच्छा चलता है तभी बुरी किस्मत आ जाती है इस परिवार का भी पूरा समय आ चुका था
1 दिन राजा अपनी क्लीनिक के लिए घर से बाहर निकला और फिर वह पूरी शाम गुजर गई अगला दिन हो गया इस प्रकार कई दिन बीत गए परंतु राजा वापस नहीं लौटा जब शालिनी ने पुलिस के पास जाना सही समझा और शालिनी में पुलिस को यह सारी बातें बताएं
पुलिस ने अपनी जांच को जारी रखते हुए कई लोगों पर शक जाहिर किया और कई लोगों को पकड़ा भी इस खेल का मास्टरमाइंड शालिनी का बाप था उसने राजा को कुछ लोगों को पैसे देकर किडनैप करवाया और फिर उसका बेरहमी से कत्ल कर दिया और उसकी बॉडी को अपने घर के अंदर ही दफना डाला
पुलिस वालों ने यह सब जांच करके पता लगाया तथा राजा की बॉडी को भी बरामद किया और शालिनी के पिता से बात करने के बाद यह पता चला कि शालिनी के पिता ने ही राजा को मारा है अब साले ने के पिता को जेल हो गई और शालिनी इस दुनिया में अकेले हो गए
अब उसके पास जीने का एक ही सहारा था उसका बेटा ट्रांसफर शालिनी अब राजेश को बड़े ही लाल और प्यार से पानी लगे और उसका देखभाल लानी पोषण बड़े ही प्यार से किया जा रहा है शालिनी एक महिला होने के साथ-साथ मां है और एक प्रोफेशनल डॉक्टर भी है इस कारण वह अपने बेटे का लालन-पालन बहुत ही अच्छी तरीके से कर पा रही है परंतु शालिनी इस दुनिया में अब अकेले हो चुकी है
धीरे-धीरे समय लगता है और राजेश बड़ा हो जाता है वह भी स्कूल जाने लगता है इसी प्रकार सामने का जीवन आगे बढ़ता है धीरे धीरे सही मगर भरता है
क्योंकि शालिनी अबे संसार में अकेले हो चुके थे अतः वह डिप्रेशन पर चली गई और हालांकि वो डॉक्टर थी फिर भी वह अपने डिप्रेशन को काबू नहीं कर पाए और दिन भर डिप्रेशन में रहने लगे अब शालिनी ने सब से मिलना जुलना बंद कर दिया अंधेरे कमरों में रहना पसंद करती है इसी प्रकार तकलीफें उठाने के पश्चात शालीन की अचानक मृत्यु हो जाती है इस प्रकार शालीन और राजा का अंत हो गया
शिक्षा
यदि अपनी जिंदगी का फैसला लेना हो तो अपने मां बाप से जरूर पूछना और उनकी सलाह लेना जरूरी है क्योंकि उन्होंने तुम को पाला है तुम्हें इतना बड़ा किया है काबिल किया है तो क्या सही है क्या गलत है उनको तुमसे अच्छा पता है अगर शालिनी अपने पिता की बात मान लेती तो शायद यह हादसा कभी ना होता
हां प्यार एक अच्छी चीज है लेकिन तभी तक जब तक कि वह सब की सहमति ना हो अब इस कहानी का अंत दुखद है ऐसी कहानियां रोज किसी गली नुक्कड़ चौराहे से उत्पन्न होती हैं और कुछ ही सफल हो पाती हैं और कुछ का अंत इन्हीं कहानियों की तरह होता है यह जरूरी नहीं है कि सब का अंत सुखद ही हो कुछ कहानियों का अंत दुखद भी होता है
एक लड़की इस कहानी से यही शिक्षा मिलती है कि वह पहले अपने मां-बाप की हो फिर दूसरे की क्योंकि जो लड़की अपने मां-बाप को छोड़ सकती है बहुत दुनिया के हर उस व्यक्ति को छोड़ सकती है जोश के साथ है क्यों क्योंकि जब वह अपने मां बाप की नहीं हुई जिन्होंने उसे बचपन से पाला पोसा बड़ा किया तो वह तुम्हारी क्या होगी
प्रश्न
यदि इस परिस्थिति पर आप होते तो क्या करते हैं
क्या राजा को शालिनी से शादी करनी चाहिए
क्या शालिनी को राजा से शादी करनी चाहिए या अपने मां-बाप की बात माननी चाहिए
और पढे ....


0 comments